दिल्ली के निजामुद्दीन में हुई तब्लीगी जमात में शामिल कई लोगों के कोरोना से संक्रमित होने का मामला सामने आने के बाद पीलीभीत की मस्जिद, दरगाह और मदरसों की पड़ताल के साथ ही उन्हें सैनिटाइज करने का काम गुरुवार को शुरू हो गया। इनमें अब भी जो चंद लोग रुके हुए हैं, प्रशासन ने उनका चिकित्सकों से परीक्षण कराया है।
डीएम से निर्देश मिलने के बाद मदरसों, मस्जिदों और दरगाहों पर प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग, नगरपालिका और पुलिस की संयुक्त टीमें बनाई गई हैं। एडीएम अतुल सिंह और एएसपी रोहित मिश्र गुरुवार को कोतवाली पहुंचे और टीमों को मस्जिद, मदरसे और दरगाहों में भीड़ जुटने की स्थिति की गंभीरता से जांच कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
इसके बाद सिटी मजिस्ट्रेट अरुण कुमार, सीओ सिटी प्रवीण मलिक, कोतवाल श्रीकांत द्विवेदी स्वास्थ्य विभाग और नगरपालिका टीम के साथ क्षेत्र में निकले। ये अफसर मोहल्ला बेनी चौधरी, पंजाबियान, भूरे खां, फीलखाना समेत कई इलाकों की मस्जिद और मदरसों में गए।
वहां रहने वालों की विस्तृत जानकारी जुटाई। यहां जो भी लोग मिले, चिकित्सकों की टीम ने इनका परीक्षण किया। इसके साथ ही कोरोना वायरस के संक्रमण रोकने के लिए विशेष सावधानी बरतने के भी निर्देश दिए। मस्जिदों के मुख्य गेट से लेकर भीतर तक सभी स्थानों पर सैनिटाइजर का छिड़काव कराया गया।
यह भी जानकारी जुटाई गई कि कहीं मदरसे, मस्जिद या दरगाहों में कोई बाहरी व्यक्ति तो आकर नहीं ठहरा या ठहराया गया। दरगाह संचालकों से अपील की गई कि किसी भी बाहरी व्यक्ति को धार्मिक स्थलों में ना ठहराएं, क्योंकि उनसे कोरोना संक्रमण फैलने का खतरा है। नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई।